उत्तराखण्ड मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना

उत्तराखण्ड सरकार द्वारा मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना को वर्ष 2021 में प्राथमिक स्वास्थ्य सेवा प्रदान करने और स्तनपान करने वाली महिलाओं और उनके बच्चों को उचित पोषण सुनिश्चित करने के लिए शुरू की गई थी। महालक्ष्मी किट में माँ के लिए 11 और बच्चे के लिए भी 11 वस्तुएँ होंगी। लाभार्थी महिलाएँ अपने नज़दीकी आँगनवाड़ी केंद्र में जाकर मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना में अपना पंजीकरण करा सकती हैं।
समस्त जानकरी हेतु पूरा लेख पढ़े।

उत्तराखण्ड मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना की मुख्य विशेषताएं
योजना का नामउत्तराखण्ड मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना।
शुरुआत की तिथि2021.
प्रदान किए जाने वाले लाभनवजात शिशुओं और उनकी माताओं के लिए किट।
पात्र लाभार्थीउत्तराखण्ड की स्तनपान कराने वाली महिलाएं।
नोडल विभागमहिला एवं बाल विकास विभाग।
आवेदन कैसे करेंआंगनवाड़ी केंद्रों के माध्यम से।
योजना अंग्रेजी में पढ़ेUttarakhand Mukhyamantri Mahalaxmi Kit Scheme.
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उत्तराखण्ड मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना की जानकारी

उत्तराखण्ड मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना का परिचय: एक संक्षिप्त विवरण

  • उत्तराखण्ड सरकार द्वारा राज्य में अनेक कल्याणकारी योजनाएँ शुरू की गयी हैं जो सफलतापूर्वक प्रदेश की जनता को लाभ पहुंचा रही है।
  • सरकार द्वारा समाज के सभी वर्गों को इन योजनाओं का लाभ दिया जा रहा है।
  • इन्ही कल्याणकारी योजनाओं में से नवजात शिशुओं और माताओं के कल्याण के लिए शुरू की गयी एक योजना हैं “मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना”।
  • इसे उत्तराखण्ड सरकार द्वारा वर्ष 2021 में शुरू किया गया था।
  • मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना शुरू करने का मुख्य उद्देश्य राज्य में शिशु मृत्यु दर और मातृ मृत्यु दर में सुधार लाना है।
  • उत्तराखण्ड सरकार के महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा इस योजना का संचालन किया जा रहा है।
  • मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना के मध्य से प्रदेश की सरकार नवजात शिशु और उसकी माँ के लिए रोजमर्रा के इस्तेमाल में आने वाली चीज़ें प्रदान की जाएगी जिससे उनकी सुरक्षा और स्वच्छता सुनिश्चित की जा सकते।
  • योजना में प्रदान की जाने वाली महालक्ष्मी किट में माँ के लिए 11 वस्तुएँ और नवजात शिशु के लिए भी 11 वस्तुएँ होती हैं।
  • उत्तराखण्ड सरकार की मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना के तहत केवल वही महिलायें पात्र है जिनके द्वारा नवजात शिशु को जन्म दिया गया है।
  • किट प्राप्त करने के लिए ये आवश्यक है की बच्चे के जन्म के 6 महीने के भीतर ही मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना में महिला द्वारा आवेदन कर दिया जाये।
  • जिन भी महिला लाभार्थियों के परिवार की वार्षिक आय 60,000/- रुपये प्रति वर्ष से अधिक है वो उत्तराखण्ड सरकार की मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना में आवेदन करने के लिए पात्र नहीं है।
  • इस योजना का लाभ प्रति परिवार केवल 2 जीवित बच्चों को ही मिलेगा।
  • सरकार द्वारा मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना में आवेदन करने के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया उपलब्ध नहीं कराई गयी है।
  • पात्र महिला लाभार्थी उत्तराखण्ड सरकार की मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना में ऑफलाइन आवेदन पत्र के माध्यम से आवेदन कर महालक्ष्मी किट प्राप्त कर सकती है।
  • महालक्ष्मी किट योजना का आवेदन पत्र किसी भी आंगनवाड़ी केंद्र पर निःशुल्क उपलब्ध है जिसे आंगनवाड़ी कार्यकर्ता की मदद से भर कर जमा किया जा सकता है।
  • महिला लाभार्थी मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना से सम्बंधित किसी भी सहायता हेतु अपने क्षेत्र की आंगनवाड़ी कार्यकर्ता से संपर्क कर सकती हैं।
  • गर्भवती महिलाएं उसी आंगनवाड़ी केंद्र में जाकर उत्तराखण्ड सरकार की “मुख्यमंत्री महिला पोषण योजना” और केंद्र सरकार की “प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना” के लिए भी आवेदन कर सकती हैं।

उत्तराखण्ड मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना की वस्तुएं

पात्र लाभार्थियों को प्रदान किए जाने वाले लाभ

  • उत्तराखण्ड सरकार द्वारा संचालित मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना के तहत स्तनपान कराने वाली माताओं को निम्नलिखित लाभ प्रदान किए जा रहे है :-
    • सरकार द्वारा प्रत्येक नवजात शिशु की माँ को महालक्ष्मी किट प्रदान की जाएगी जिसमें बच्चे और माँ दोनों के लिए रोजमर्रा के लिए इस्तेमाल में आने वाली वस्तुएँ होती हैं।
    • महालक्ष्मी किट में शिशु की माँ के लिए निम्नलिखित वस्तुएँ शामिल हैं :-
      वस्तु का नाममात्रा
      सूखे खजूर500 ग्राम
      बादाम250 ग्राम
      शॉल1
      मोज़े2 जोड़ी
      चादर, तकियों के कवर के साथ2
      तौलिया1
      सैनिटरी नैपकिन2 पैक
      नहाने का साबुन4
      कपड़ा धोने का साबुन4
      नेल कटर1
      सरसों का तेलआधा लीटर
    • महालक्ष्मी किट में नवजात शिशु के लिए निम्नलिखित वस्तुएँ शामिल हैं :-
      वस्तु का नाममात्रा
      गर्म कपड़े2 जोड़ी
      मोज़े और गर्म हेड कैप1
      शिशु के लिए साबुन3
      शिशु के लिए तेल1
      शिशु पाउडर1
      शिशु क्रीम1
      शिशु के लिए तौलिया2
      शिशु के लिए कंबल1
      रबर की चादर1
      शिशु का डायपर10
      सूती नैपकिन12

उत्तराखण्ड महालक्ष्मी किट

पात्रता की आवश्यक शर्तें

  • उत्तराखण्ड सरकार द्वारा पात्र लाभार्थियों को मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना का लाभ प्रदान करने के लिए निम्नलिखित पात्रता की शर्तें निर्धारित की गई हैं :-
    • आवेदक महिला होनी चाहिए।
    • महिला लाभार्थी इस उसका पति उत्तराखण्ड का स्थायी निवासी होना चाहिए।
    • लाभार्थी महिला के परिवार की वार्षिक आय 60,000/- रुपये प्रति वर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए।
    • महिला लाभार्थी द्वारा नवजात शिशु को जन्म दिया गया हो।

संलग्न किए जाने वाले आवश्यक दस्तावेज

  • उत्तराखण्ड सरकार की मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना के अंतर्गत महालक्ष्मी किट प्राप्त करने के लिए लाभार्थी महिला के पास निम्नलिखित दस्तावेज होना अनिवार्य है :-
    • उत्तराखण्ड का निवास प्रमाण पत्र।
    • महिला लाभार्थी का आधार कार्ड।
    • महिला लाभार्थी का पैन कार्ड।
    • पति का आधार कार्ड।
    • अस्पताल से छुट्टी का प्रमाण पत्र।
    • राशन कार्ड। (यदि उपलब्ध हो)

इस योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए लाभार्थी कैसे आवेदन कर सकते हैं

  • उत्तराखण्ड सरकार ने मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना के तहत महालक्ष्मी किट प्राप्त करने के लिए किये जाने वाले आवेदन की प्रक्रिया को बेहद आसान रखा है।
  • पात्र महिला लाभार्थी को अपने नज़दीकी आँगनवाड़ी केंद्र जाना और आंगनवाड़ी कार्यकर्ता से मिलना होगा।
  • मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना का आवेदन पत्र आंगनवाड़ी केंद्रों पर निःशुल्क उपलब्ध है।
  • महिला लाभार्थी को आंगनवाड़ी कार्यकर्ता से आवेदन पत्र लेना होगा और उसमे मांगी गयी सभी जानकारी को ध्यानपूर्वक भरना होगा।
  • आवेदन पत्र के साथ सभी आवश्यक दस्तावेजों को साथ संलग्न करना होगा।
  • अच्छे से भर गए मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना के आवेदन पत्र और उसके साथ संलग्न सभी दस्तावेजों को आंगनवाड़ी कार्यकर्ता के पास जमा कर देना होगा।
  • आँगनवाड़ी कार्यकर्ता द्वारा उत्तराखण्ड मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना के तहत प्राप्त आवेदन पत्रों और दस्तावेज़ों की जांच की जाएगी और पात्र पायी गयी महिलाओं के आवेदन पत्रों को महिला एवं बाल विकास विभाग को भेज दिया जायेगा।
  • आंगनवाड़ी केंद्र से ही सभी महिला लाभार्थियों को महालक्ष्मी किट वितरित की जाएगी।
  • गर्भावस्था की अवधि के दौरान गर्भवती महिलाएं केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना और उत्तराखण्ड सरकार की मुख्यमंत्री महिला पोषण योजना के लिए भी अपना पंजीकरण करा सकती हैं।

उपलब्ध महत्वपूर्ण लिंक

सहायता के लिए संपर्क विवरण

  • उत्तराखण्ड सरकार के महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग का संपर्क नंबर :- 0135 2775814
    उत्तराखण्ड सरकार के महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग का संपर्क ईमेल :- dir.icds.ua@gmail.com.

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